राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय डाबरी एवं ई-विद्या योजना

 राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय डाबरी पं स रामगढ़ (अलवर)


 परिचय :-

शिक्षा किसी भी समाज की रीढ़ होती है। यह व्यक्ति को न केवल ज्ञान देती है, बल्कि उसे जागरूक, आत्मनिर्भर और सामाजिक रूप से जिम्मेदार बनाती है। ग्रामीण समाज, जो भारत की जनसंख्या का एक बड़ा हिस्सा है, वहां शिक्षा का महत्व और भी बढ़ जाता है | विद्यालय ग्रामीण बच्चों को प्राथमिक से लेकर उच्च शिक्षा तक पहुंच प्रदान करते हैं। विद्यालयों में सभी जातियों और वर्गों के बच्चे एक साथ पढ़ते हैं, जिससे सामाजिक भेदभाव कम होता है विद्यालय बच्चों को नैतिक शिक्षा, अनुशासन, सहिष्णुता और नेतृत्व के गुण सिखाते हैं। आधुनिक विद्यालयों में कंप्यूटर, विज्ञान प्रयोगशालाएँ, खेलकूद आदि के माध्यम से बच्चों में कौशल विकसित किया जाता है। और हमारा उद्देश्य है कि अंतिम पायदान पर खड़ा व्यक्ति भी शिक्षित बने यही हमारा ध्येय भी है |


वर्तमान युग की विद्या : ई-विद्या 

अलवर ई-विद्या प्रोजेक्ट राजस्थान सरकार की एक महत्वाकांक्षी पहल है, जिसका उद्देश्य अलवर जिले के सभी 291 पंचायत स्तरीय सरकारी स्कूलों में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित करना है। यह परियोजना जनवरी 2025 में शुरू की गई थी और 25 दिसंबर 2025 तक पूरी होने का लक्ष्य रखा गया है । 

प्रमुख पहलू

डिजिटल लाइब्रेरी की स्थापना: प्रत्येक स्कूल में 10-12 कंप्यूटर स्थापित किए जाएंगे, जिससे छात्रों को डिजिटल शिक्षा का लाभ मिलेगा। 


उद्देश्य

इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना है, ताकि वे शहरी छात्रों के समान प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त कर सकें। इसके माध्यम से शिक्षा में समानता को बढ़ावा देना और अलवर जिले को एक आदर्श जिले के रूप में विकसित करना है।


हमारे अलवर के लोकप्रिय सांसद एवं केन्द्रीय पर्यावरण मंत्री श्री भूपेन्द्र यादव जी की हार्दिक इच्छा है कि प्रत्येक ग्राम पंचायत स्थल पर ई-लाईब्रेरी की स्थापना हो उनके सपनों को साकार रूप देते हुए हमारे जिले की कलेक्टर महोदया डॉ श्रीमती अर्तिका शुक्ला जी एवं ई विद्या टीम के प्रयासों से स्थानीय विद्यालय में भी ई-लाईब्रेरी की स्थापना की गई है |




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